10 नवम्बर 2025 दिल्ली ब्लास्ट (Delhi Blast): लाल किले के पास कार में धमाका; जानिए राजधानी में बड़े आतंकी हमले कब-कब हुए और कितनी जाने गयीं
दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन (Red Fort Metro Station) के पास एक कार में हुए भीषण धमाके से इलाके में अफरा-तफरी मच गई। विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि लाल मंदिर (Lal Mandir) के शीशे टूट गए और कई दुकानों को नुकसान पहुंचा। इस दुखद घटना में कई लोगों की मौत होने की सूचना है.
धमाके के तुरंत बाद आसपास की दुकानों में आग लगने की भी खबरें आईं। विस्फोट का कंपन चांदनी चौक के भागीरथ पैलेस इलाके तक महसूस किया गया. यह घटना दिल्ली की उस दुखद शृंखला को फिर से याद दिलाती है, जहां अतीत में कई आतंकी हमलों (Terrorist Attack)और धमाकों में अनगिनत लोगों ने अपनी जान गंवाई है और बड़ी संख्या में लोग घायल हुए हैं.
दिल्ली में धमाकों की क्रोनोलॉजी
25 मई 1996 – लाजपत नगर सेंट्रल मार्केट बम विस्फोट कम-से-कम 16 लोगों की मृत्यु.
1 अक्टूबर 1997 – सदर बाजार दो बम विस्फोट लगभग 30 घायल.
10 अक्टूबर 1997 – शांतिवन, कौड़िया पुल और किंग्सवे कैंप तीन विस्फोट 1 की मृत्यु, लगभग 16 घायल.
18 अक्टूबर 1997 – रानी बाग मार्केट जुड़वां विस्फोट 1 की मृत्यु, लगभग 23 घायल.
26 अक्टूबर 1997 – करोल बाग मार्केट दो विस्फोट 1 मृत, लगभग 34 घायल.
30 नवंबर 1997 – रेड फोर्ट (लाल किला) क्षेत्र जुड़वां विस्फोट 3 की मृत्यु, 70 घायल.
30 दिसंबर 1997 – पंजाबी बाग के पास बस में विस्फोट 4 मरे, लगभग 30 घायल.
27 फरवरी 2000 – पहाड़गंज विस्फोट 8 घायल.
16 मार्च 2000 – सदर बाजार विस्फोट 7 घायल.
18 जून 2000 – रेड फोर्ट (लाल किला) के निकट दो शक्तिशाली विस्फोट 2 की मृत्यु, लगभग दर्जनभर घायल.
22 मई 2005 – लिबर्टी एवं सत्यं सिनेमा हॉल दो विस्फोट 1 की मृत्यु, लगभग 60 घायल.
29 अक्तूबर 2005 – सरोजिनी नगर, पहाड़गंज व गोविंदपुरी तीन समन्वित विस्फोट लगभग 59-62 मरे, 100+ घायल.
14 अप्रैल 2006 – जामा मस्जिद प्रांगण दो विस्फोट कम-से-कम 14 घायल.
13 सितंबर 2008 – करोल बाग (गफ्फार मार्केट), कनॉट प्लेस व ग्रेटर कैलाश-I पांच समन्वित विस्फोट कम से कम 20-30 मरे, 90+ घायल.
27 सितंबर 2008 – मेहरौली के फ्लावर मार्केट (सराय) विस्फोट 3 की मृत्यु, 23 घायल.
25 मई 2011 – दिल्ली हाई कोर्ट पार्किंग विस्फोट कोई मृत्यु नहीं.
